LIVE UPDATE
भारत

24 वर्दीधारियों को 10-10 साल की सजा

NCG NEWS DESK :

ज़िला रामपुर में कारतूस कांड में स्पेशल जज ने सभी दोषी 24 वर्दीधारियों को 10-10 साल की सजा और 10-10 हजार का जुर्माना लगाया है। STF के एक अधिकारी ने 29 अप्रैल 2010 को थाना सिविल लाइन में  रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसी दिन दो सीआरपीएफ के हवलदारों की गिरफ्तारी हुई थी। इनसे भारी मात्रा में कारतूस और  हथियारों के पुर्जे बरामद हुए थे। साथ ही इन हवलदारों की निशानदेही पर 23 और वर्दीधारियों को गिरफ्तार किया गया था। यह अन्य वर्दीधारी दूसरे जिलों के आर्मोरर हैं। इनमें से एक आरोपी की मौत हो चुकी है। इन सभी पर आरोप था कि इन्होंने नक्सलियों को सरकारी इम्यूनिशन सप्लाई किया था। इन सूचनाओं के आधार पर एसटीएफ लखनऊ ने रामपुर में सीआरपीएफ के दो हवलदारों को रंगे हाथ पकड़ा था, जिसको लेकर कोर्ट ने आज सजा सुनाई है।

WhatsApp Group Join Now
Facebook Page Follow Now
YouTube Channel Subscribe Now
Telegram Group Follow Now
Instagram Follow Now
Dailyhunt Join Now
Google News Follow Us!

फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों रुपये का कारोबार, हुआ भंडाफोड़


डीजीसी प्रताप मौर्या ने बताया कि रामपुर में आज कारतूस कांड में सजा सुनाई गई। इस प्रकरण के दोषी 24 वर्दीधारियों को एक दिन पहले दोषी करार दिया गया था। वर्दीधारियों पर आतंकवादियों को सीआरपीएफ का इम्यूनिशन सप्लाई करने का दोष सिद्ध हो चुका है। लखनऊ एसटीएफ ने 13 साल पहले 25 आरोपियों की गिरफ्तारी की थी। 26 अप्रैल 2010 को सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के ज्वालानगर में रेलवे क्राॅसिंग के पास से एसटीएफ की टीम ने सीआरपीएफ के दो हवलदार विनोद और विनेश पासवान को गिरफ्तार किया था। एसटीएफ ने उनके कब्जे से भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए गए थे। साथ ही आरोपियों से इंकसास रायफल के पुर्जे और भारी मात्रा में कैश बरामद हुआ था।


प्रेमिका ने फोन कर प्रेमी को बुलाया, परिजनों ने मारपीट कर काट दिया प्राइवेट पार्ट


इसके बाद दोनों की निशानदेही पर प्रयागराज पीएसी से रिटायर्ड एक दरोगा यशोदानंदन, मुरादाबाद पीटीसी के एक आर्मोरर नाथीराम सैनी समेत बस्ती, गोंडा, बनारस समेत कई जिलों से पुलिस व पीएसी के आर्मोरर को गिरफ्तार किया गया था। इस मामले की सुनवाई स्पेशल जज ईसी एक्ट की कोर्ट में चल रही है। चार अक्टूबर को बहस पूरी हो गई थी। अब इस मामले में कोर्ट ने फैसला सुनाया है। कारतूस कांड में मुख्य आरोपी बनाए गए पीएसी के रिटायर्ड दरोगा यशोदानंदन की मौत हो चुकी है। मुकदमा दर्ज होने के बाद प्रयागराज निवासी यशोदानंदन को पुलिस ने जेल भी भेजा था। बाद में जमानत मिलने के बाद ट्रायल के दौरान यशोदानंदन की मौत हो गई। कोर्ट में यशोदानंद के खिलाफ चल रही कार्रवाई की फाइल को बंद कर दिया गया। एडीसी प्रताप सिंह मौर्य ने बताया कि अब इस मामले में कोर्ट 24 वर्दीधारियों को स्पेशल जज ईसी एक्ट विजय कुमार सैकंड ने दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है। सभी को 10_10 साल की सजा और 10_10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है।

Nidar Chhattisgarh Desk

देश में तेजी से बढ़ती हुई हिंदी समाचार वेबसाइट है। जो हिंदी न्यूज साइटों में सबसे अधिक विश्वसनीय, प्रमाणिक और निष्पक्ष समाचार अपने पाठक वर्ग तक पहुंचाती है। इसकी प्रतिबद्ध ऑनलाइन संपादकीय टीम हर रोज विशेष और विस्तृत कंटेंट देती है। हमारी यह साइट 24 घंटे अपडेट होती है, जिससे हर बड़ी घटना तत्काल पाठकों तक पहुंच सके। पाठक भी अपनी रचनाये या आस-पास घटित घटनाये अथवा अन्य प्रकाशन योग्य सामग्री ईमेल पर भेज सकते है, जिन्हें तत्काल प्रकाशित किया जायेगा !

Related Articles

WP Radio
WP Radio
OFFLINE LIVE