केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला

सुप्रीम कोर्ट का कड़ा रुख, केंद्र सरकार की सख्त कार्रवाई
23 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने बढ़ते वायु प्रदूषण के मामलों पर गंभीरता दिखाते हुए केंद्र सरकार को पर्यावरण संरक्षण अधिनियम (EPA) के तहत नियम बनाने और ज़िम्मेदार अधिकारियों की नियुक्ति के निर्देश दिए थे। इस निर्देश के तहत सरकार ने पराली जलाने पर जुर्माने की राशि दोगुनी कर दी है। अब 2 एकड़ से कम भूमि वाले किसानों पर ₹5,000, 2 से 5 एकड़ वाले किसानों पर ₹10,000 और 5 एकड़ से अधिक जमीन पर ₹30,000 तक का जुर्माना लगाया जाएगा। यह नियम उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली पर भी लागू होंगे। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला
पराली जलाने को लेकर सुप्रीम कोर्ट का सख्त संदेश
सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान हरियाणा और पंजाब सरकार की पराली जलाने की घटनाओं पर की जा रही कार्रवाई पर नाराजगी जताई। अदालत ने कहा कि प्रदूषण मुक्त वातावरण में रहना प्रत्येक नागरिक का मौलिक अधिकार है और राज्य सरकारें इसे गंभीरता से लें। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सरकारें कानून लागू करने में रुचि दिखाएं और उचित कार्रवाई सुनिश्चित करें। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला
जुर्माने और एफआईआर की संख्या बढ़ी
हरियाणा सरकार ने पराली जलाने के 150 से अधिक मामलों में एफआईआर दर्ज की है और 29 किसानों को गिरफ्तार किया है। वहीं, कृषि विभाग के 24 अधिकारियों और कर्मचारियों को इस पराली जलाने के मामलों पर कार्रवाई में लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।
पंजाब सरकार ने भी अब तक 874 केस दर्ज कर ₹10.55 लाख का जुर्माना वसूल किया है और 394 किसानों के रेवेन्यू रिकॉर्ड में रेड एंट्री की गई है। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला
सुप्रीम कोर्ट की पंजाब सरकार पर सख्ती: चार प्रमुख बातें
- नाममात्र का जुर्माना – कोर्ट ने पाया कि पंजाब ने केवल 473 लोगों पर मामूली जुर्माना लगाया और 600 से अधिक किसानों को छोड़ा।
- झूठे बयान पर कड़ी नाराजगी – कोर्ट ने पंजाब के एडवोकेट जनरल से पूछा कि उन्होंने केंद्र से फंड की मांग करने का झूठा बयान क्यों दिया।
- निगरानी में कमी – सुप्रीम कोर्ट ने राज्य में 9,000 निगरानी कमेटियों के बावजूद केवल 9 घटनाओं को दर्ज करने पर नाराजगी जताई।
- ISRO रिपोर्ट को नकारने का प्रयास – कोर्ट ने कहा कि पंजाब सरकार ने ISRO की सैटेलाइट रिपोर्ट तक को नकारा है और प्रदूषण में लापरवाही बरती है। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला
विशेषज्ञों का कहना: वायु प्रदूषण से स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव
गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो. नरसीराम बिश्नोई के अनुसार, बढ़ता वायु प्रदूषण बुजुर्गों और बच्चों के स्वास्थ्य पर गंभीर असर डालता है। उन्होंने कहा कि AQI 400 से अधिक होने पर सांस लेने में परेशानी, ब्रोंकाइटिस, और आंखों में जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। पराली जलाने से वायुमंडल में जहरीली गैसें फैलती हैं जो प्रदूषण का एक बड़ा कारण बनती हैं। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला
हरियाणा और पंजाब की कार्रवाई: कदम और आंकड़े
- हरियाणा सरकार: अब तक 150 किसानों पर एफआईआर दर्ज की गई और 29 किसानों को गिरफ्तार किया गया। राज्य में 3 वर्षों में पराली जलाने के मामलों में कमी देखी गई है।
- पंजाब सरकार: राज्य ने पराली जलाने पर जुर्माना लगाकर 10.55 लाख रुपये वसूले और जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं ताकि पर्यावरण की सुरक्षा हो सके। केंद्र ने पराली जलाने पर जुर्माना बढ़ाया: अब ₹30,000 तक का दंड, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फैसला



















