भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई

भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई
भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई, भोपाल में “मछली गैंग” पर पुलिस और प्रशासन की बड़ी कार्रवाई ने शहर में हड़कंप मचा दिया है। इस मामले में एक नया मोड़ तब आया जब शारिक मछली का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वह हाथ जोड़कर अपने ऊपर लगे यौन शोषण के आरोपों की निष्पक्ष जांच की गुहार लगा रहा है। शारिक का दावा है कि उसका परिवार 40 वर्षों से भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सेवा कर रहा है, लेकिन अब पार्टी के ही कुछ लोग उसे साजिश के तहत फंसा रहे हैं।
शारिक की भावुक अपील और अवैध निर्माण पर बुलडोजर

वायरल वीडियो में शारिक ने खुद को बेकसूर बताते हुए कहा कि उसे राजनीतिक साजिश का शिकार बनाया जा रहा है। हालांकि, इस वीडियो के सामने आने के तुरंत बाद, प्रशासन ने 30 जुलाई को शारिक और उसके रिश्तेदारों के हथाईखेड़ा और कोकता इलाकों में स्थित छह अवैध ठिकानों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें ध्वस्त कर दिया। प्रशासन ने इस कार्रवाई को अवैध निर्माण के खिलाफ एक मुहिम का हिस्सा बताया है।भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई
कौन है मछली गैंग का मास्टरमाइंड? यासीन जेल में
पुलिस ने इस गैंग के कथित मास्टरमाइंड यासीन अहमद उर्फ मछली सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया है। बुधवार को यासीन की रिमांड पूरी होने पर उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि यह गैंग भोपाल के युवाओं, पब और लाउंज में एमडी ड्रग्स की सप्लाई करता था।भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई
गैंग के पास से क्या-क्या हुआ बरामद?
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में एमडी ड्रग, हथियार और कई महत्वपूर्ण डिजिटल सबूत जब्त किए हैं।
नशीले पदार्थ: लाखों रुपये कीमत की 8 ग्राम एमडी ड्रग।
हथियार: एक देसी पिस्टल और एक .22 बोर का दो नाली कट्टा।
डिजिटल सबूत: यासीन के घर से एक मैकबुक मिला है, जिसमें ड्रग्स सप्लाई से जुड़े चैट और कई आपत्तिजनक तस्वीरें और वीडियो होने का दावा किया गया है। पुलिस ने इसे फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है।
कैसे फैला था गैंग का जाल? कार्रवाई का पूरा घटनाक्रम
18 जुलाई: गोविंदपुरा इलाके से सैफुद्दीन और आशु उर्फ शाहरुख की गिरफ्तारी हुई, जिनके पास से 5.14 ग्राम एमडी ड्रग बरामद हुई।
23 जुलाई: क्राइम ब्रांच ने गममन मॉल के पास से शाहवर उर्फ मछली और उसके भतीजे यासीन को 3 ग्राम एमडी ड्रग और एक पिस्टल के साथ गिरफ्तार किया।
24 जुलाई: अदालत ने शाहवर और यासीन को पुलिस रिमांड पर भेजा।
26 जुलाई: यासीन से पूछताछ के आधार पर जगजीत सिंह उर्फ जग्गा और अंश चावला को गिरफ्तार किया गया, और यासीन की रिमांड 30 जुलाई तक बढ़ा दी गई।
30 जुलाई: रिमांड खत्म होने पर यासीन को जेल भेज दिया गया।
गैंग पर लगे हैं गंभीर आरोप
पुलिस के अनुसार, यासीन और शाहवर पहले भी कई गंभीर मामलों में आरोपी रह चुके हैं। उन पर निजी कॉलेजों की छात्राओं को ब्लैकमेल करने, धर्मांतरण और बलात्कार जैसे संगीन आरोप हैं। हथाईखेड़ा इलाके के एक क्लब में भी उनके नेटवर्क के सक्रिय होने की बात सामने आई है।भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई
आगे क्या करेगी पुलिस?
पुलिस अब जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की फोरेंसिक जांच करेगी। इसके अलावा, आरोपियों के सोशल मीडिया अकाउंट, मोबाइल नंबरों और बैंक खातों की भी गहन जांच की जाएगी ताकि नशे के इस नेटवर्क से जुड़े हर व्यक्ति की पहचान कर उस पर कानूनी कार्रवाई की जा सके।भोपाल का मछली गैंग: 40 साल की BJP सेवा का दावा और अब बुलडोजर की कार्रवाई
नेताओं ने दी तीखी प्रतिक्रिया
इस मामले पर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है।
भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा, “लव जिहाद पर सरकार सख्त कार्रवाई कर रही है। हिंदू बहन-बेटियों को फंसाने के लिए जिहादी लोग टीका और कलावा बांधते हैं। अगर बाप बदलने का शौक है, तो खुलकर बदलें। कोई भी अपराधी बख्शा नहीं जाएगा।”
विधायक कृष्णा गौर ने कहा, “यह तो सिर्फ एक शुरुआत है, आगे इससे भी बड़ी कार्रवाई होगी। इस तरह के अपराध करने वाले समाज के सबसे बड़े दुश्मन हैं और अपराधी चाहे किसी भी पार्टी का हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।”



















