बलौदा बाजार: गर्भवती की मौत के बाद ‘संस्कार हॉस्पिटल’ सील, 12वीं पास युवक कर रहा था मरीजों का ऑपरेशन
3 साल से बिना रजिस्ट्रेशन चल रहा था अस्पताल, SDM और BMO की छापामार कार्रवाई में हुआ 'मुन्नाभाई' जैसा खुलासा।

बलौदा बाजार छत्तीसगढ़ के बलौदा बाजार जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर चल रहे एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश हुआ है। कसडोल विकासखंड के ग्राम कटगी स्थित ‘संस्कार हॉस्पिटल’ पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उसे सील कर दिया है। एसडीएम और बीएमओ की संयुक्त टीम द्वारा की गई छापेमारी में जो सच सामने आया, उसने सभी के होश उड़ा दिए। यहां मरीजों का इलाज और ऑपरेशन कोई डॉक्टर नहीं, बल्कि एक 12वीं पास युवक कर रहा था।
गर्भवती महिला की मौत के बाद जागा प्रशासन
इस अस्पताल की पोल तब खुली जब पिछले महीने यहां इलाज के दौरान एक गर्भवती महिला की मौत हो गई थी। महिला की मौत के बाद अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे थे। इसी मामले की प्रारंभिक जांच में मिली शिकायतों के आधार पर आज एसडीएम रामरतन दुबे और ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (BMO) की टीम ने अस्पताल पर औचक छापा मारा।गर्भवती की मौत के बाद ‘संस्कार हॉस्पिटल’ सील, 12वीं पास युवक कर रहा था मरीजों का ऑपरेशन
12वीं पास युवक बना था सर्जन
जांच टीम के उस वक्त होश उड़ गए जब उन्हें पता चला कि अस्पताल में दुखित राम साहू नाम का एक युवक मरीजों का ऑपरेशन कर रहा था। दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि दुखित राम केवल 12वीं पास है। उसके पास न तो कोई मेडिकल डिग्री है और न ही नर्सिंग का कोई प्रमाणपत्र। इसके बावजूद वह सर्जरी जैसी जटिल प्रक्रियाओं को अंजाम देकर ग्रामीणों की जान से खिलवाड़ कर रहा था।गर्भवती की मौत के बाद ‘संस्कार हॉस्पिटल’ सील, 12वीं पास युवक कर रहा था मरीजों का ऑपरेशन
तीन साल से अवैध रूप से संचालित था अस्पताल
प्रशासन की जांच में यह बात भी सामने आई कि संस्कार हॉस्पिटल पिछले तीन सालों से बिना किसी रजिस्ट्रेशन के चल रहा था।
नर्सिंग होम एक्ट का उल्लंघन: अस्पताल के पास संचालन का कोई वैध लाइसेंस नहीं था।
डॉक्टर और स्टाफ नदारद: मौके पर न तो कोई एमबीबीएस डॉक्टर मिला और न ही कोई रजिस्टर्ड नर्सिंग स्टाफ।
सुविधाओं का अभाव: अस्पताल में ऑपरेशन किए जा रहे थे, लेकिन वहां जीवन रक्षक उपकरणों और जरूरी मेडिकल सुविधाओं का घोर अभाव था।
होगी सख्त कानूनी कार्रवाई
कसडोल के एसडीएम रामरतन दुबे ने बताया कि अस्पताल में घोर अनियमितताएं पाई गई हैं। बिना डिग्री के इलाज करना और बिना रजिस्ट्रेशन के अस्पताल चलाना गंभीर अपराध है। अस्पताल को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया है। जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी जा रही है और अस्पताल संचालकों व फर्जी डॉक्टर के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई (FIR) की तैयारी की जा रही है।गर्भवती की मौत के बाद ‘संस्कार हॉस्पिटल’ सील, 12वीं पास युवक कर रहा था मरीजों का ऑपरेशन
ग्रामीणों में आक्रोश
इस खुलासे के बाद कटगी और आसपास के ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की नाक के नीचे तीन साल से यह फर्जीवाड़ा चल रहा था, लेकिन एक महिला की जान जाने के बाद ही प्रशासन की नींद क्यों खुली? ग्रामीणों ने ऐसे फर्जी अस्पतालों के खिलाफ पूरे जिले में अभियान चलाने की मांग की है।गर्भवती की मौत के बाद ‘संस्कार हॉस्पिटल’ सील, 12वीं पास युवक कर रहा था मरीजों का ऑपरेशन



















