Bastar Green Cave Controversy: हाईकोर्ट पहुंचा मामला, गुफा में निर्माण कार्य पर उठा सवाल | Full Details Inside
बस्तर की नई खोजी गई ग्रीन गुफा पर छिड़ा विवाद। हाईकोर्ट ने निर्माण कार्य पर मांगा जवाब। जानिए क्या है पर्यावरण प्रेमी नितिन सिंघवी की आपत्ति।

Bastar Green Cave Controversy: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में स्थित Kanger Valley National Park अपनी खूबसूरती और रहस्यमयी गुफाओं के लिए पूरी दुनिया में मशहूर है। लेकिन हाल ही में खोजी गई ‘Green Cave’ (ग्रीन गुफा) अब कानूनी विवादों (Legal Dispute) में घिर गई है।
Bastar Green Cave Controversy: पर्यावरण संरक्षण को लेकर एक बड़ी याचिका हाईकोर्ट में दायर की गई है, जिसके बाद कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला।
आखिर क्यों पहुंचा मामला हाईकोर्ट? (The Controversy Explained)
Bastar Green Cave Controversy: बस्तर के प्रसिद्ध पर्यावरण प्रेमी नितिन सिंघवी (Nitin Singhvi) ने ग्रीन गुफा के संरक्षण को लेकर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) लगाई है।
याचिका का मुख्य कारण:
नितिन सिंघवी का आरोप है कि वन विभाग गुफा के प्राकृतिक स्वरूप के साथ छेड़छाड़ कर रहा है। गुफा के प्रवेश द्वार पर लोहे के गेट, सीढ़ियां और कंक्रीट का पाथवे (Pathway) बनाया जा रहा है। याचिकाकर्ता के अनुसार, इस तरह के निर्माण से गुफा के भीतर का इकोसिस्टम और वहां रहने वाले सूक्ष्म जीवों पर बुरा असर पड़ सकता है।
हाईकोर्ट ने मांगा 16 दिनों में जवाब
Bastar Green Cave Controversy: इस मामले की गंभीरता को देखते हुए माननीय हाईकोर्ट ने संबंधित अधिकारियों और विभाग से 16 दिनों के भीतर जवाब मांगा है। कोर्ट यह जानना चाहता है कि क्या यह निर्माण कार्य नेशनल पार्क के नियमों और पर्यावरण सुरक्षा के मानकों के अनुरूप है या नहीं।
क्या है ग्रीन गुफा की खासियत? (Features of Green Cave)


Bastar Green Cave Controversy: Kanger Valley National Park में वैसे तो 11 गुफाओं का समूह है, लेकिन इनमें से केवल कुटुमसर (Kutumsar), कैलाश और दंडक गुफाएं ही पर्यटकों के लिए खुली हैं। ग्रीन गुफा को हाल ही में डिस्कवर किया गया है।
प्राकृतिक बनावट: इस गुफा की छत लगभग 60 से 80 फीट ऊंची है।
Stalactites and Stalagmites: गुफा के अंदर चूना पत्थर (Limestone) से बनी अद्भुत चट्टानें हैं, जो इसे एक ‘Natural
Wonder’ बनाती हैं।कुटुमसर जैसी समानता: विशेषज्ञों का मानना है कि इसकी संरचना प्रसिद्ध कुटुमसर गुफा से काफी मिलती-जुलती है।

चुनौतीपूर्ण रास्ता: गुफा के अंदर करीब 200 मीटर तक जाने के बाद पानी जमा होने के कारण आगे बढ़ना मुश्किल हो जाता है।
पर्यटन vs पर्यावरण की जंग (Tourism vs Environment)
Bastar Green Cave Controversy: वन विभाग जहां इसे टूरिज्म के लिहाज से डेवलप करना चाहता है, वहीं पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि गुफाओं के अंदर मानवीय दखल और कंक्रीट का निर्माण उनकी प्राकृतिक सुंदरता और बनावट को हमेशा के लिए खत्म कर सकता है।



















