सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’, बिना मान्यता राजश्री मेडिकल कॉलेज ने लिए 100 एडमिशन, छात्रों ने गेट पर जड़ा ताला

सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’, बिना मान्यता राजश्री मेडिकल कॉलेज ने लिए 100 एडमिशन, छात्रों ने गेट पर जड़ा ताला. बरेली के राजश्री मेडिकल कॉलेज में छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ का एक बड़ा मामला सामने आया है। इंडियन नर्सिंग काउंसिल (INC) से मान्यता न होने के बावजूद, कॉलेज प्रशासन ने बीएससी नर्सिंग प्रथम वर्ष में 100 छात्र-छात्राओं का प्रवेश ले लिया। इतना ही नहीं, प्रवेश के नाम पर प्रति छात्र डेढ़ लाख रुपये वसूलते हुए कॉलेज ने करीब डेढ़ करोड़ रुपये की भारी-भरकम रकम भी जमा कर ली। अब मान्यता का सच सामने आने पर छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा है।
धोखे में रखकर प्रवेश, अब सड़क पर उतरे छात्र
सोमवार को कॉलेज परिसर का माहौल उस समय तनावपूर्ण हो गया, जब नाराज छात्र-छात्राओं ने सुबह 9 बजे ही कॉलेज के मुख्य द्वार पर ताला जड़ दिया। छात्रों ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और रात 8 बजे तक धरना प्रदर्शन जारी रखा। छात्रों का गंभीर आरोप है कि एडमिशन के वक्त उनसे झूठ बोला गया कि कॉलेज के पास मान्यता है, लेकिन चार महीने बीत जाने के बाद उन्हें पता चला कि आईएनसी से अभी तक स्वीकृति ही नहीं मिली है।सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’
डेढ़ करोड़ की वसूली और 31 दिसंबर का अल्टीमेटम
छात्रों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि कॉलेज प्रशासन ने उन्हें अंधेरे में रखा है। प्रदर्शनकारी छात्रों ने कहा कि अगर 31 दिसंबर तक कॉलेज को इंडियन नर्सिंग काउंसिल से मान्यता नहीं मिलती है, तो उनकी पूरी फीस और जमा किए गए ओरिजिनल डॉक्यूमेंट्स तुरंत वापस किए जाएं। छात्रों को डर है कि मान्यता के अभाव में उनका पूरा साल बर्बाद हो जाएगा, जिसका सीधा असर उनके करियर पर पड़ेगा।सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’
प्रशासन का दखल और प्रिंसिपल की सफाई
मामले को बढ़ता देख रात करीब 8 बजे मीरगंज के तहसीलदार आशीष कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने छात्रों को समझा-बुझाकर शांत कराया और धरना समाप्त करवाया। दूसरी ओर, कॉलेज प्रबंधन अपनी साख बचाने की कोशिश में जुटा है। नर्सिंग कॉलेज के प्रधानाचार्य गौरव प्रताप सिंह राठौर ने सफाई देते हुए कहा कि छात्रों को किसी ने गुमराह किया है। उनका दावा है कि मान्यता मिलने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और 31 दिसंबर तक उन्हें स्वीकृति मिल जाएगी।सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’
भविष्य पर लटकी तलवार
छात्रों का कहना है कि उन्होंने अपना भविष्य संवारने के लिए लाखों रुपये खर्च किए, लेकिन कॉलेज की लापरवाही ने उन्हें अधर में लटका दिया है। अब देखना यह होगा कि 31 दिसंबर तक कॉलेज को मान्यता मिलती है या छात्रों को फीस वापसी के लिए नई जंग लड़नी पड़ेगी।सावधान! नर्सिंग के नाम पर बड़ा ‘खेल’



















