मुख्य बिंदु:-
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आरोपी: आरक्षक अरविंद कुमार मेंढे (भिलाई-3 थाना)।
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कार्रवाई: सेवा से स्थायी रूप से बर्खास्तगी।
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आरोप: दुष्कर्म, पद का दुरुपयोग और आपराधिक कृत्य।
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जांच: एसएसपी दुर्ग द्वारा प्राथमिक जांच में दोषी पाए जाने पर एक्शन।
Bhilai Crime News: वर्दी पर लगा बड़ा दाग: भिलाई के आरक्षक ने जांच के बहाने महिला से किया दुष्कर्म, SSP ने नौकरी से किया बर्खास्त. छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में पुलिस विभाग की छवि धूमिल करने वाले एक आरक्षक पर शासन ने कड़ा प्रहार किया है। भिलाई-3 थाने में पदस्थ आरक्षक अरविंद कुमार मेंढे को एक महिला के साथ दुष्कर्म और पद के दुरुपयोग के आरोप में सेवा से बर्खास्त (Dismissed) कर दिया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) विजय अग्रवाल ने प्राथमिक जांच में दोष सिद्ध पाए जाने के बाद यह बड़ी कार्रवाई की है।
जांच के बहाने ले गया सुनसान जगह
Bhilai Crime News: इस शर्मनाक घटना का खुलासा तब हुआ जब पीड़िता ने लिखित शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता के अनुसार, आरक्षक अरविंद कुमार मेंढे ने अपने पद का रसूख दिखाया और जांच के बहाने उसे झांसा देकर बुलाया। इसके बाद आरोपी उसे अपनी निजी गाड़ी में बैठाकर एक सुनसान इलाके में ले गया, जहाँ उसने महिला की मजबूरी का फायदा उठाते हुए उसके साथ अनाचार किया।
SSP विजय अग्रवाल का कड़ा एक्शन: जीरो टॉलरेंस की नीति
Bhilai Crime News: पुलिस विभाग में अनुशासनहीनता और आपराधिक कृत्यों के खिलाफ एसएसपी विजय अग्रवाल ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस का काम जनता की रक्षा करना है, न कि अपने पद का दुरुपयोग कर अपराध करना। प्राथमिक जांच में जब यह पाया गया कि आरक्षक ने वर्दी को शर्मसार किया है, तो उसे तुरंत प्रभाव से बर्खास्त करने के आदेश जारी कर दिए गए।
2008 से सेवा में था आरोपी आरक्षक
Bhilai Crime News: जानकारी के मुताबिक, आरोपी आरक्षक अरविंद कुमार मेंढे की नियुक्ति वर्ष 2008 में हुई थी। वह लंबे समय से पुलिस विभाग का हिस्सा था, लेकिन उसके इस घिनौने कृत्य ने विभाग की साख पर सवाल खड़े कर दिए। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(2)(ए)(आई) के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस विभाग की छवि सुधारने की कवायद
Bhilai Crime News: इस सख्त कार्रवाई से पुलिस विभाग के अन्य कर्मचारियों को भी कड़ा संदेश दिया गया है। विभाग का कहना है कि किसी भी प्रकार की अनैतिक गतिविधि या गंभीर अपराध में संलिप्त पाए जाने वाले कर्मियों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई की आम जनता में भी सराहना हो रही है।