उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़: रोहिंग्या और घुसपैठियों के भी बने कार्ड
एसटीएफ ने जनसेवा केंद्रों पर मारा छापा, 10 से अधिक जिलों में फैला था नेटवर्क

अलीगढ़, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़: रोहिंग्या और घुसपैठियों के भी बने कार्ड. उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने अलीगढ़ के क्वार्सी स्थित जीवनगढ़ इलाके में एक बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह सरकारी वेबसाइटों को हैक कर फर्जी आधार कार्ड बनाता था, जिसमें चौंकाने वाली बात यह सामने आई है कि इसने भारतीय नागरिकों के साथ-साथ रोहिंग्या और अन्य घुसपैठियों के भी आधार कार्ड बनाए हैं।
एसटीएफ लखनऊ यूनिट ने गुरुवार तड़के जीवनगढ़ गली नंबर 12 में संचालित जनसेवा केंद्रों पर छापा मारा और गिरोह के संचालक साजिद हुसैन और नईमुद्दीन को गिरफ्तार किया। इनके सरगना सहित तीन अन्य साथी फिलहाल फरार हैं। गिरफ्तार आरोपियों पर मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया गया है।उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़
साइबर लैब में भेजे गए डिवाइस, 3 साल के डेटा की होगी जांच
एसटीएफ ने आरोपियों से चार लैपटॉप और अन्य डिवाइस जब्त किए हैं, जिन्हें फॉरेंसिक जांच के लिए साइबर लैब भेजा गया है। इन डिवाइसों से पिछले तीन साल के डेटा की गहन जांच की जाएगी, ताकि पूरे नेटवर्क और बनाए गए फर्जी आधार कार्डों का पता लगाया जा सके।उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़
10 से अधिक जिलों में फैला था नेटवर्क, मिलता था रोजाना 50 आधार कार्ड का टारगेट
एसटीएफ के उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार साजिद पहले आधार बनाने वाली कंपनी में काम करता था, जहां उसके संपर्क ऐसे लोगों से हुए जो पश्चिम बंगाल में भारतीय सीमा पर फर्जी आधार कार्ड बनाने का धंधा कर रहे थे। इन संपर्कों और गुजरात की एक आधार कंपनी के परिचित प्रशांत के माध्यम से साजिद दिल्ली के आकाश के संपर्क में आया, जो इस गिरोह का सरगना बताया जा रहा है।उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़
पिछले तीन सालों में साजिद ने अलीगढ़ के साथ-साथ पश्चिमी यूपी के हाथरस, बुलंदशहर, मेरठ, कासगंज, एटा, बदायूं, संभल, अमरोहा, मुरादाबाद और रामपुर सहित 10 से अधिक मुस्लिम आबादी वाले जिलों में अपना नेटवर्क फैलाया, जहां उसे आसानी से ग्राहक मिल सकें। दिल्ली के हैकर सरगना द्वारा साजिद को रोजाना कम से कम 50 आधार कार्ड बनाने का लक्ष्य दिया जाता था।उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़
रोहिंग्या और घुसपैठियों के कार्ड बनने से इनकार नहीं: एसपी सिटी
मामले को लेकर एसपी सिटी मृगांक शेखर पाठक ने कहा, “इस बात से बिल्कुल इनकार नहीं किया जा सकता कि साजिद और उसके साथियों ने दिल्ली के हैकर की मदद से रोहिंग्या और अन्य घुसपैठियों के आधार कार्ड न बनाए हों। इस बात की पुष्टि बरामद कंप्यूटर सिस्टमों की साइबर विशेषज्ञ से फॉरेंसिक जांच से हो सकेगी। डेटा के साथ जिन लोगों के कार्ड बने हैं, उनके नंबर निकलवाए जाएंगे। इन्होंने पिछले तीन सालों में कितने लोगों से पैसे लिए हैं, वह भी जांच का आधार होगा।”उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़
यह खुलासा देश की सुरक्षा के लिए एक गंभीर चुनौती पेश करता है और इस तरह के फर्जीवाड़े को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की आवश्यकता को रेखांकित करता है।उत्तर प्रदेश में बड़े फर्जी आधार कार्ड रैकेट का भंडाफोड़



















