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छत्तीसगढ़-ओडिशा सीमा पर बड़ी सफलता: 1.1 करोड़ का इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके मुठभेड़ में ढेर, 4 शव बरामद

नक्सल एनकाउंटर अपडेट: छत्तीसगढ़ के पड़ोसी राज्य ओडिशा के कंधमाल जिले में सुरक्षाबलों ने एक बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक करते हुए नक्सली नेटवर्क की कमर तोड़ दी है। एक संयुक्त एंटी-नक्सल ऑपरेशन में जवानों ने 1.1 करोड़ रुपये के इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके समेत चार नक्सलियों को मार गिराया है। यह मुठभेड़ कंधमाल और गंजम जिले की सीमा पर स्थित राम्पा के घने जंगलों में हुई।

कौन था खूंखार नक्सली गणेश उईके?

मुठभेड़ में मारा गया नक्सली कमांडर गणेश उईके माओवादी संगठन की सेंट्रल कमेटी का सदस्य था। वह पिछले तीन दशकों (30 साल) से बस्तर और ओडिशा के सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय था। उईके ओडिशा में नक्सली संगठन के प्रमुख के तौर पर काम कर रहा था और कई बड़ी हिंसक वारदातों का मास्टरमाइंड था। उसकी मौत को सुरक्षाबलों के लिए साल की सबसे बड़ी सफलताओं में से एक माना जा रहा है।1.1 करोड़ का इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके मुठभेड़ में ढेर

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SOG, CRPF और BSF का संयुक्त प्रहार

इस ऑपरेशन को खुफिया जानकारी के आधार पर बेहद सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया। ओडिशा पुलिस के DIG (ऑपरेशन) अखिलेश्वर सिंह के नेतृत्व में कुल 23 टीमों ने इस मिशन में हिस्सा लिया, जिनमें शामिल थे:

  • SOG (Special Operation Group): 20 टीमें

  • CRPF (Central Reserve Police Force): 2 टीमें

  • BSF (Border Security Force): 1 टीम

सुरक्षाबलों ने चाकापाड़ थाना क्षेत्र और गंजाम के सीमावर्ती जंगलों की घेराबंदी कर नक्सलियों को आत्मसमर्पण के लिए कहा, लेकिन नक्सलियों की ओर से हुई फायरिंग के बाद जवानों ने करारा जवाब दिया।1.1 करोड़ का इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके मुठभेड़ में ढेर

मुठभेड़ स्थल से भारी मात्रा में हथियार बरामद

सर्च ऑपरेशन के दौरान सुरक्षाबलों ने घटनास्थल से दो पुरुष और दो महिला नक्सलियों के शव बरामद किए हैं। गणेश उईके की पहचान हो चुकी है, जबकि अन्य तीन की शिनाख्त की कोशिश जारी है। मौके से सुरक्षाबलों ने घातक हथियार भी जब्त किए हैं, जिनमें शामिल हैं:

  • दो आधुनिक इंसास (INSAS) राइफल

  • एक .303 राइफल

  • भारी मात्रा में कारतूस और दैनिक उपयोग की सामग्री

बस्तर से ओडिशा तक फैला था आतंक का जाल

गणेश उईके का प्रभाव केवल ओडिशा तक सीमित नहीं था, बल्कि छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में भी उसने कई सालों तक नक्सली गतिविधियों को संचालित किया था। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि उईके के खात्मे से छत्तीसगढ़ और ओडिशा के सीमावर्ती इलाकों में माओवादी संगठन का ढांचा पूरी तरह चरमरा जाएगा।1.1 करोड़ का इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके मुठभेड़ में ढेर

इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी

DIG अखिलेश्वर सिंह ने बताया कि मुठभेड़ के बाद भी इलाके में सघन सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है। जवानों को अंदेशा है कि घने जंगलों का फायदा उठाकर कुछ अन्य नक्सली घायल अवस्था में छिपे हो सकते हैं। सुरक्षा बल पूरी सतर्कता के साथ आगे बढ़ रहे हैं ताकि क्षेत्र को पूरी तरह नक्सल मुक्त किया जा सके।1.1 करोड़ का इनामी नक्सली कमांडर गणेश उईके मुठभेड़ में ढेर

Pooja Chandrakar

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