
बिलासपुर: PM आवास योजना के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह बेनकाब: अगर आप भी प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के लाभार्थी हैं, तो सावधान हो जाइए। बिलासपुर पुलिस ने एक ऐसे शातिर गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो पीएम आवास की राशि जल्द दिलाने का झांसा देकर मासूम लोगों की गाढ़ी कमाई लूट रहा था। सिविल लाइन पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से लाखों के जेवरात और नकदी बरामद की है।
ऐसे देते थे वारदात को अंजाम (Modus Operandi)
PM आवास योजना के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह बेनकाब: यह गैंग बेहद शातिर तरीके से काम करता था। आरोपी मोटरसाइकिल पर सवार होकर अलग-अलग मोहल्लों में जाते थे। वहां वे लोगों को डराते थे कि उनकी ‘पीएम आवास योजना’ की किस्त निरस्त होने वाली है। योजना को बचाने और रुकी हुई राशि को तुरंत खाते में डलवाने के नाम पर वे ‘अमानत’ के तौर पर नकद रुपए और सोने-चांदी के जेवरात ठग लेते थे।
CCTV फुटेज से मिला सुराग
PM आवास योजना के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह बेनकाब: शहर में लगातार मिल रही ठगी की शिकायतों के बाद पुलिस ने सघन जांच शुरू की। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर जब अलग-अलग इलाकों के CCTV फुटेज खंगाले गए, तो एक ‘पैशन प्रो’ बाइक हर वारदात वाली जगह के आसपास दिखाई दी। पुलिस ने बाइक नंबर और संदिग्धों के हुलिए के आधार पर घेराबंदी की और दो आरोपियों, रामप्रसाद यादव और जितेंद्र यादव को धर दबोचा।
चोरी का माल खरीदने वाला सुनार भी गिरफ्तार
PM आवास योजना के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह बेनकाब: पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उन्होंने बताया कि ठगी में मिले जेवरात उन्होंने गनियारी निवासी कन्हैया सोनी के पास गिरवी रखे थे। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सुनार कन्हैया सोनी को भी गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के पास से ₹2,56,000 की कीमत के जेवरात, ₹4,500 नकद और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की गई है।
इन आरोपियों की हुई गिरफ्तारी:
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रामप्रसाद यादव (65 वर्ष): निवासी पोड़ी, थाना सकरी।
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जितेंद्र यादव (38 वर्ष): निवासी डनडन, थाना तखतपुर।
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कन्हैया सोनी (45 वर्ष): निवासी तखतपुर (जेवरात खरीदने वाला)।
पुलिस की अपील: न आएं झांसे में
PM आवास योजना के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह बेनकाब: बिलासपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए कभी भी किसी अनजान व्यक्ति को नकद राशि या जेवरात न दें। किसी भी संदेहास्पद स्थिति में तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन को सूचित करें।









