Crime News Chhattisgarh: सावधान! पटवारी का फर्जी वीडियो बनाकर मांग रहे थे 2.50 लाख, महुआ पेड़ के नीचे जाल बिछाकर पुलिस ने दबोचा

Crime News Chhattisgarh: सावधान! पटवारी का फर्जी वीडियो बनाकर मांग रहे थे 2.50 लाख, महुआ पेड़ के नीचे जाल बिछाकर पुलिस ने दबोचा छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले से ब्लैकमेलिंग का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ एक पटवारी को फर्जी वीडियो के जरिए डराकर लाखों रुपये वसूलने की कोशिश की गई। हालांकि, पुलिस की सूझबूझ और सटीक प्लानिंग ने आरोपियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया।
एडिटेड वीडियो और 2.5 लाख की डिमांड
Crime News Chhattisgarh: बैकुंठपुर की शकुंतला कॉलोनी के निवासी पटवारी अमरेश कुमार पांडेय को एक अज्ञात नंबर से व्हाट्सएप कॉल आया। आरोपी ने उन्हें एक वीडियो क्लिप भेजी, जिसमें छेड़छाड़ (Editing) कर यह दिखाया गया था कि पटवारी किसी काम के बदले पैसे ले रहे हैं। वीडियो भेजने के तुरंत बाद आरोपी ने उसे डिलीट कर दिया और धमकी दी कि यदि 2.50 लाख रुपये नहीं दिए गए, तो वह इस वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा।
लोकेशन बदल-बदल कर पुलिस को छकाया
Crime News Chhattisgarh: घबराए बिना पटवारी ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने रणनीति के तहत पटवारी को आरोपी से बात जारी रखने को कहा। ब्लैकमेलर बेहद शातिर था; उसने पटवारी को पैसे लेकर बचरा पोड़ी इलाके में बुलाया। वह बार-बार अपनी लोकेशन बदलता रहा और वीपीएन (VPN) नंबरों का इस्तेमाल कर कॉल करता रहा ताकि पकड़ा न जाए।
महुआ पेड़ के पीछे बिछाया गया ‘मौत का जाल’
Crime News Chhattisgarh: काफी लुका-छिपी के बाद, आरोपी ने पटवारी को निर्देश दिया कि वह रुपयों से भरा बैग बचरा-बैमा सड़क मार्ग पर स्थित एक महुआ के पेड़ के पीछे छिपाकर रख दे और वहां से चला जाए।
Crime News Chhattisgarh: पुलिस की टीम पहले से ही सादे कपड़ों में झाड़ियों और आस-पास के इलाकों में तैनात थी। जैसे ही एक युवक रुपयों का बैग उठाने के लिए पेड़ के पास पहुंचा, पुलिस ने घेराबंदी कर उसे रंगे हाथों दबोच लिया।
गिरफ्तारी और फरार साथी की तलाश
Crime News Chhattisgarh: पकड़े गए आरोपी की पहचान अर्जुन साहू (23 वर्ष), निवासी अमहर के रूप में हुई है। पूछताछ में उसने कबूल किया कि इस पूरी साजिश में उसका साथी मनोज साहू भी शामिल था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ ब्लैकमेलिंग और जबरन वसूली का मामला दर्ज कर लिया है। मुख्य आरोपी फिलहाल पुलिस की गिरफ्त में है, जबकि उसके फरार साथी की तलाश में छापेमारी जारी है।
डिजिटल फ्रॉड से रहें सावधान
vपुलिस ने इस मामले के जरिए आम जनता को भी आगाह किया है कि किसी भी प्रकार के ‘एडिटेड वीडियो’ या ‘डिजिटल ब्लैकमेलिंग’ से डरें नहीं। यदि कोई आपको सोशल मीडिया या व्हाट्सएप के जरिए डराने की कोशिश करे, तो तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या साइबर सेल में इसकी सूचना दें।









