
Delhi Road Accident News: दिल्ली सड़क हादसा: रील बनाने के जुनून ने छीनी साहिल की जिंदगी, नाबालिग आरोपी को बेल मिलने पर मां का फूटा गुस्सा, देश की राजधानी दिल्ली के द्वारका इलाके से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ ‘रीलबाजी’ और तेज रफ्तार के शौक ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां उजाड़ दीं। द्वारका साउथ में एक नाबालिग द्वारा चलाई जा रही स्कॉर्पियो की टक्कर से बाइक सवार युवक साहिल की मौत हो गई। अब इस मामले में आरोपी नाबालिग को जमानत मिलने के बाद मृतक की मां का दर्द सोशल मीडिया पर छलक पड़ा है।
रील के चक्कर में ‘किलर’ बनी स्कॉर्पियो: क्या है पूरा मामला?
दिल्ली सड़क हादसा: यह दर्दनाक हादसा 3 फरवरी को द्वारका साउथ इलाके में हुआ। जानकारी के मुताबिक, एक 17 वर्षीय नाबालिग युवक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो दौड़ा रहा था। चश्मदीदों और मृतक के परिवार का आरोप है कि गाड़ी रॉन्ग साइड (विपरीत दिशा) में थी और उसमें सवार लोग सोशल मीडिया के लिए ‘रील’ (Reel) बना रहे थे। इसी दौरान स्कॉर्पियो ने साहिल की बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि साहिल दूर जा गिरा और स्कॉर्पियो एक अन्य खड़ी टैक्सी से जा टकराई, जिससे टैक्सी चालक भी घायल हो गया।
“मेरा बेटा 10 मिनट तक तड़पता रहा…” – मां की न्याय की गुहार
दिल्ली सड़क हादसा: साहिल की मां ने भावुक होते हुए बताया कि उनका बेटा रोज की तरह दफ्तर जा रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि स्कॉर्पियो चलाने वाला नाबालिग न केवल तेज रफ्तार में था, बल्कि उसकी बहन साथ बैठकर स्टंट की वीडियो बना रही थी। मां का कहना है कि एक्सीडेंट के बाद साहिल करीब 10 मिनट तक सड़क पर तड़पता रहा और मदद के लिए पुकारता रहा, लेकिन वक्त पर इलाज न मिलने के कारण उसकी जान चली गई।
दिल्ली सड़क हादसा: मृतक के परिवार ने इस घटना को महज एक ‘एक्सीडेंट’ नहीं बल्कि ‘मर्डर’ करार दिया है। उनका कहना है कि रील बनाने के चक्कर में नियमों को ताक पर रखकर गाड़ी चलाना एक आपराधिक कृत्य है।
स्कॉर्पियो पर पहले से थे 13 चालान, फिर भी सड़क पर दौड़ रही थी ‘मौत’
दिल्ली सड़क हादसा: जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि जिस स्कॉर्पियो से यह हादसा हुआ, उस पर ओवर-स्पीडिंग के पहले से ही 13 चालान दर्ज थे। बिना ड्राइविंग लाइसेंस के एक नाबालिग को इतनी खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाने की अनुमति देना कानूनन और नैतिक रूप से बड़े सवाल खड़े करता है। साहिल की मां का सवाल है कि “क्या पैसों के दम पर किसी की जान लेना इतना आसान है?”
नाबालिग आरोपी को क्यों मिली जमानत?
दिल्ली सड़क हादसा: दिल्ली पुलिस ने मामले की कार्रवाई करते हुए 17 वर्षीय आरोपी को किशोर न्याय बोर्ड (Juvenile Justice Board) के सामने पेश किया था। आरोपी को शुरुआत में ऑब्जर्वेशन होम भेजा गया था। हालांकि, उसकी 10वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं को आधार बनाकर उसे अंतरिम जमानत (Interim Bail) दे दी गई है। पुलिस ने दुर्घटना में शामिल वाहनों को जब्त कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज के जरिए मामले की गहन जांच की जा रही है।
सड़क सुरक्षा और रील का जानलेवा शौक
दिल्ली सड़क हादसा: यह घटना एक बार फिर युवाओं में बढ़ते ‘रील’ के क्रेज और ट्रैफिक नियमों की अनदेखी पर गंभीर सवाल उठाती है। एक मां आज इंसाफ के लिए दर-दर भटक रही है, जबकि एक मासूम जान महज कुछ ‘लाइक्स’ और ‘व्यूज’ के चक्कर में चली गई।



















