भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली पर बड़ी कार्रवाई

नापतौल विभाग की सख्ती, 21 व्यापारियों पर केस, लाखों का जुर्माना
भोपाल की करोंद मंडी में नापतौल विभाग की अचानक की गई जांच में घटतौली का गंभीर मामला उजागर हुआ है। जांच के दौरान अनाज और सब्जी-भाजी की तौल में गड़बड़ी पाए जाने पर 21 व्यापारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है, जबकि 19 व्यापारियों पर कुल 4.75 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
बिना सत्यापन चल रहे थे तौल कांटे
नियमों की अनदेखी पड़ी भारी
भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली नापतौल विभाग की टीम ने निरीक्षण के दौरान पाया कि मंडी में उपयोग किए जा रहे अधिकांश तौल कांटे और तराजू निर्धारित नियमों के अनुसार सत्यापित नहीं थे। नियमों के तहत हर व्यापारी को अपने तौल उपकरणों की नियमित जांच कराकर उन पर सरकारी सील लगवाना अनिवार्य होता है, लेकिन बड़ी संख्या में व्यापारियों ने इसका पालन नहीं किया।
2000 व्यापारियों में से सिर्फ 40 ने कराया वेरिफिकेशन
औचक निरीक्षण में सामने आई बड़ी गड़बड़ी
भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली करोंद मंडी में दो हजार से अधिक पंजीकृत व्यापारी हैं, लेकिन विभाग द्वारा लगाए गए चार दिवसीय शिविर में केवल 40 व्यापारियों ने ही अपने तौल कांटों का सत्यापन कराया। कम भागीदारी को देखते हुए विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए दुकानों पर जाकर औचक निरीक्षण शुरू किया। इस दौरान 19 तौल कांटों में तकनीकी गड़बड़ी पाई गई और कई कांटों पर सरकारी सील तक मौजूद नहीं थी।
21 प्रकरण दर्ज, 4.75 लाख रुपये का जुर्माना
नियम तोड़ने पर 2500 रुपये प्रति कांटा दंड
भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली नापतौल विभाग के उप नियंत्रक नसीमुद्दीन के अनुसार कम तौल से जुड़े 21 मामलों में प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इनमें से 19 मामलों में कुल 4 लाख 75 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया है। नियमों के मुताबिक बिना सील के तौल कांटे का उपयोग करने पर प्रति कांटा 2500 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। कार्रवाई के बाद मंडी में व्यापारियों के बीच हड़कंप की स्थिति बनी हुई है।
15 दिन का अल्टीमेटम
समय रहते सत्यापन नहीं कराया तो होगी कड़ी कार्रवाई
भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली स्थानीय उपभोक्ताओं का कहना है कि वे लंबे समय से घटतौली की समस्या झेल रहे थे, लेकिन नियमित जांच के अभाव में स्थिति जस की तस बनी रहती थी। इस बार विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि अभियान लगातार जारी रहेगा और सभी व्यापारियों को 15 दिनों के भीतर अपने तौल कांटों का सत्यापन कराना अनिवार्य होगा। तय समयसीमा में नियमों का पालन न करने वालों पर फिर से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन का संदेश साफ
उपभोक्ता हितों से कोई समझौता नहीं
भोपाल की करोंद मंडी में घटतौली इस कार्रवाई से साफ है कि प्रशासन अब उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा को लेकर गंभीर है और किसी भी स्तर पर धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



















