
24 की जगह सिर्फ 5 टीचर: कोरबा में फूटा छात्रों का गुस्सा, आत्मानंद स्कूल के लिए नेशनल हाईवे किया जाम, कोरबा जिले में शिक्षा व्यवस्था की पोल उस वक्त खुल गई जब स्वामी आत्मानंद स्कूल के छात्रों का सब्र टूट गया। शिक्षकों की भारी कमी से परेशान विद्यार्थियों ने आज नेशनल हाईवे पर उतरकर चक्काजाम कर दिया, जिससे प्रशासन में हड़कंप मच गया। छात्रों का आरोप है कि स्कूल में 24 शिक्षकों के पद स्वीकृत हैं, लेकिन पढ़ाई सिर्फ 5 शिक्षकों के भरोसे चल रही है।
क्यों सड़क पर उतरे छात्र? स्कूल में शिक्षकों का भारी अकाल
कोरबा के पासान में स्थित स्वामी आत्मानंद हिंदी माध्यम स्कूल में शिक्षकों की कमी एक गंभीर समस्या बन चुकी है। यह स्कूल दो पालियों में संचालित होता है, जिसमें सुबह 7 बजे से हिंदी माध्यम और दूसरी पाली में अंग्रेजी माध्यम के छात्र पढ़ते हैं। आज सुबह जब हिंदी माध्यम के छात्र स्कूल पहुंचे, तो उन्होंने कक्षाओं का बहिष्कार कर दिया और अपने भविष्य की चिंता में सीधे सड़क पर उतर आए। छात्रों का कहना है कि शिक्षकों की कमी के कारण उनकी पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है और परीक्षाएं सिर पर हैं।24 की जगह सिर्फ 5 टीचर: कोरबा में फूटा छात्रों का गुस्सा
किताबें छोड़ हाथों में तख्ती, नेशनल हाईवे पर गूंजे नारे
गुस्साए छात्र-छात्राओं ने हाथों में तख्तियां लेकर पसान स्थित नेशनल हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। उनके विरोध प्रदर्शन के कारण कोरबा-पसान मुख्य मार्ग पर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह ठप हो गया। छात्र लगातार शिक्षकों की नियुक्ति की मांग को लेकर नारेबाजी करते रहे, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।24 की जगह सिर्फ 5 टीचर: कोरबा में फूटा छात्रों का गुस्सा
प्रशासन ने दिया आश्वासन, तब जाकर शांत हुए छात्र
चक्काजाम की सूचना मिलते ही तहसीलदार और अन्य प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने आक्रोशित छात्रों को समझाने की बहुत कोशिश की। अधिकारियों ने छात्रों को विश्वास दिलाया कि जल्द से जल्द स्कूल में अतिरिक्त शिक्षकों की व्यवस्था की जाएगी। इस आश्वासन के बाद ही छात्रों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया और नेशनल हाईवे से जाम हटाया गया।24 की जगह सिर्फ 5 टीचर: कोरबा में फूटा छात्रों का गुस्सा
अनदेखी का आरोप: दो साल से गुहार लगा रहे थे छात्र और अभिभावक
यह कोई नई समस्या नहीं है। स्थानीय लोगों और छात्रों ने बताया कि वे पिछले दो सालों से स्कूल में शिक्षकों की कमी की शिकायत कर रहे हैं। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी से लेकर जिला प्रशासन तक को ज्ञापन सौंपा जा चुका है, लेकिन हर बार उनकी मांगों को नजरअंदाज कर दिया गया। इसी अनदेखी से तंग आकर आज छात्रों को सड़क पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा।24 की जगह सिर्फ 5 टीचर: कोरबा में फूटा छात्रों का गुस्सा









