राजस्थान में दर्दनाक सड़क हादसा: बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
धनाऊ-आलमसर मार्ग पर दिल दहला देने वाला हादसा, परिवार का सहारा बना युवा उठा—गांव में मातम, सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी फिर बनी जानलेवा

पिता की दवाई लेने निकला बेटा, रास्ते में मिट गई जिंदगी
राजस्थान के बाड़मेर जिले के धनाऊ-आलमसर मार्ग पर मंगलवार दोपहर ऐसा दर्दनाक हादसा हुआ जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। महज 17 वर्षीय रहमतुल्लाह, जो पांच भाइयों में सबसे बड़ा था, परिवार के लिए सहारा था। पिता की तबीयत खराब रहने के कारण घर की कई जिम्मेदारियां वह खुद निभाता था। उसी के लिए दवाई लेने वह बस से बाड़मेर जा रहा था, लेकिन यह यात्रा उसकी अंतिम यात्रा बन गई।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
गांव में हर आंख नम है और परिवार के आंसू थम नहीं रहे। परिजन सदमे में हैं कि घर का सहारा पलभर में कैसे चला गया।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
चलती बस में बाहर निकाला सिर, सामने से आती एम्बुलेंस से टक्कर
रहमतुल्लाह जल्दी-जल्दी घर से निकला और एक प्राइवेट बस की आखिरी सीट पर बैठ गया। रास्ते में जैसे ही उसने खिड़की से सिर बाहर निकालकर थूकने की कोशिश की, तभी सामने से आ रही एक सरकारी पशु एम्बुलेंस ने बस को टक्कर मारी। टक्कर इतनी भीषण थी कि उसका सिर धड़ से अलग होकर लगभग 100 फीट दूर जा गिरा।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
कुछ ही पलों में चीख-पुकार मच गई—
बस में बैठे यात्री सदमे में रह गए, कई लोग चीख पड़े। हादसा कुछ ही सेकंड का था, लेकिन उसके बाद जो खामोशी छाई, उसने पूरे माहौल को झकझोर दिया।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
पुलिस ने जब्त किए दोनों वाहन, जांच जारी
सूचना पर धनाऊ थानाधिकारी गोविंदराम अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने बस और एम्बुलेंस दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है। अधिकारियों के अनुसार, हादसा अचानक हुआ, लेकिन यह भी जांच की जा रही है कि कहीं किसी वाहन चालक की लापरवाही तो इसकी वजह नहीं बनी।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत
पत्रिका व्यू: सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी बनती है जानलेवा
इस हादसे ने एक बार फिर याद दिलाया है कि सड़क सुरक्षा नियम केवल कागज पर लिखे शब्द नहीं, बल्कि जीवन की ढाल हैं।
चलती बस या किसी भी वाहन की खिड़की से सिर या हाथ बाहर निकालना बेहद खतरनाक है।
ओवरटेक हमेशा सावधानी से करें।
गति सीमा का पालन करें और सुरक्षित दूरी बनाए रखें।
सड़क पर होने वाली एक छोटी-सी चूक भी पूरे परिवार का भविष्य छीन सकती है। इसलिए अनुशासन, जागरूकता और नियमों का पालन ही सुरक्षित यात्रा की सबसे बड़ी कुंजी है।बस की खिड़की से सिर बाहर निकालते ही हुआ टक्कर, 17 वर्षीय युवक की मौके पर मौत









