सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम, नौकरी और मुआवजे के बाद शांत हुआ गुस्सा

सक्ति : सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम, नौकरी और मुआवजे के बाद शांत हुआ गुस्सा. जिले के सक्ति इलाके में एक छात्र की सड़क हादसे में हुई मौत के बाद माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया। गुस्साए परिजनों और छात्र संगठनों ने मृतक छात्र का शव कॉलेज के सामने रखकर जोरदार प्रदर्शन किया। घंटों चले इस बवाल और चक्काजाम के बाद प्रशासन और कॉलेज प्रबंधन के बीच समझौता हुआ, तब जाकर मामला शांत हुआ।
क्रिकेट खेलकर लौटते वक्त हुआ दर्दनाक हादसा
जानकारी के मुताबिक, यह पूरा मामला क्रांति कुमार महाविद्यालय से जुड़ा है। यहाँ बीए फाइनल ईयर (BA Final Year) में पढ़ने वाला छात्र बलदेव गोंड क्रिकेट खेलकर वापस लौट रहा था। तभी हाथनेवरा हाइवे पर वह एक भीषण सड़क दुर्घटना का शिकार हो गया, जिससे उसकी मौत हो गई। छात्र की अचानक मौत से परिवार में कोहराम मच गया।सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम
कॉलेज प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप, सड़क पर रखा शव
हादसे के बाद परिजनों का गुस्सा कॉलेज प्रबंधन पर फूट पड़ा। परिजनों ने कॉलेज प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर मोर्चा खोल दिया। प्रदर्शनकारियों ने छात्र का शव कॉलेज के मुख्य द्वार पर रख दिया और वहीं धरने पर बैठ गए।सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम
देखते ही देखते यह प्रदर्शन उग्र हो गया और कलेक्ट्रेट कार्यालय के पास मुख्य मार्ग पूरी तरह से ब्लॉक कर दिया गया। आवागमन ठप होने से पुलिस और प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए।सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम
10 लाख मुआवजा और निलंबन की मांग
प्रदर्शनकारी इस बात पर अड़ गए कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। उनकी मुख्य मांगें थीं:
मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये का तत्काल मुआवजा दिया जाए।
हादसे और लापरवाही के लिए जिम्मेदार कॉलेज के अधिकारियों को तुरंत सस्पेंड किया जाए।
मौके पर भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा ताकि स्थिति नियंत्रण से बाहर न जाए।
मुआवजा और नौकरी के आश्वासन पर बनी बात
हंगामा बढ़ता देख पुलिस और राजस्व विभाग के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत शुरू की। लंबी जद्दोजहद और समझाइश के बाद एक समझौता हुआ:
आर्थिक सहायता: कॉलेज प्रबंधन की ओर से पीड़ित परिवार को 1 लाख रुपये और शासन की ओर से 25 हजार रुपये की सहायता राशि दी जाएगी।
नौकरी: मृतक छात्र के परिवार के एक सदस्य को कॉलेज में नौकरी देने का लिखित आश्वासन दिया गया।
विश्वविद्यालय प्रबंधन और प्रशासन के इस भरोसे के बाद परिजनों ने आंदोलन खत्म किया और सड़क से जाम हटाया गया।सक्ति में छात्र की मौत पर बवाल! कॉलेज गेट पर शव रखकर चक्काजाम














