छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला

बिलासपुर: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने गारे 4/6 कोल ब्लॉक भूमि अधिग्रहण को लेकर दायर याचिका पर केंद्र सरकार, राज्य सरकार, कलेक्टर रायगढ़, एसडीओ घरघोड़ा और जिंदल स्टील एंड पावर लिमिटेड को नोटिस जारी किया है। मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति रविंद्र अग्रवाल की खंडपीठ ने इस मामले पर दो सप्ताह के भीतर जवाब मांगा है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला
किसानों की याचिका में क्या कहा गया?
गारे 4/6 कोल ब्लॉक से प्रभावित 49 किसानों (जिनमें से अधिकांश आदिवासी समुदाय के हैं) ने भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। किसानों का आरोप है कि नए भूमि अधिग्रहण कानून के बावजूद छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता की धारा 247 के तहत भूमि अधिग्रहण किया जा रहा है, जो असंवैधानिक है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला
किसानों की प्रमुख आपत्तियां:
✔ भूमि अधिग्रहण में नया कानून लागू नहीं किया गया।
✔ मुआवजा 2010 की दरों पर तय किया गया, जबकि जमीन के दाम कई गुना बढ़ चुके हैं।
✔ पुनर्वास और पुनर्स्थापना के लिए कोई प्रावधान नहीं जोड़ा गया।
✔ खनन लीज 2023 में जारी की गई, जबकि भूमि अधिग्रहण 2024 में शुरू हुआ, जो अनुच्छेद 300A का उल्लंघन है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला
राज्य सरकार की दलील और हाईकोर्ट की प्रतिक्रिया
राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता प्रफुल्ल भारत और शशांक ठाकुर ने कोर्ट में पक्ष रखते हुए कहा कि इसी विषय पर पहले भी याचिका दायर की गई थी, जिसमें कलेक्टर को समाधान के निर्देश दिए गए थे।
हालांकि, याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ता सुदीप श्रीवास्तव ने तर्क दिया कि पूर्व की याचिका केवल 8 प्रभावित किसानों द्वारा दायर की गई थी, जबकि नई याचिका 49 किसानों की ओर से दायर की गई है। इसके अलावा, यह पहली बार सामने आया कि भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी होने से पहले ही खनन लीज जारी कर दी गई थी। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला
हाईकोर्ट का निर्देश
खंडपीठ ने राज्य सरकार की दलील को खारिज करते हुए कहा कि पहली याचिका सिर्फ 8 किसानों की थी, इसलिए 49 किसानों की नई याचिका को खारिज नहीं किया जा सकता। हाईकोर्ट ने सभी पक्षों को नोटिस जारी कर दो सप्ताह में जवाब देने का निर्देश दिया है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला
इस मामले का असर क्या होगा?
✔ अगर हाईकोर्ट ने भूमि अधिग्रहण को अवैध माना तो किसानों को बेहतर मुआवजा और पुनर्वास का लाभ मिल सकता है।
✔ खनन लीज रद्द हो सकती है, जिससे परियोजना प्रभावित हो सकती है।
✔ छत्तीसगढ़ में अन्य भूमि अधिग्रहण मामलों पर भी असर पड़ सकता है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने केंद्र, राज्य सरकार और जिंदल स्टील को भेजा नोटिस, जानें पूरा मामला



















