
नई दिल्ली : दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत: मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सेशन जज ने घर से की सुनवाई, आरोपी ED हिरासत में. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में न्यायिक प्रक्रिया का एक असामान्य लेकिन महत्वपूर्ण उदाहरण देखने को मिला, जब पटियाला हाउस कोर्ट की एडिशनल सेशन जज शेफाली बरनाला टंडन ने शुक्रवार तड़के 3 बजे अपने आवास पर एक मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले की सुनवाई की। इस असाधारण कार्यवाही के बाद, ओशन सेवन बिल्डटेक प्राइवेट लिमिटेड के प्रमोटर स्वराज सिंह यादव को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की हिरासत में भेज दिया गया।
यह मामला गुरुग्राम में प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत गरीबों के लिए बने फ्लैटों की अवैध बिक्री और उससे जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग से संबंधित है। ED ने आरोप लगाया है कि यादव ने इन फ्लैटों को अवैध रूप से नकदी में बेचा और इस घोटाले से प्राप्त 222 करोड़ रुपये से अधिक की रकम को मनी लॉन्ड्रिंग के जरिए देश-विदेश में निजी संपत्तियों में निवेश किया।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत
ED ने अदालत को बताया कि यादव ने मूल आवंटियों के साथ धोखाधड़ी करके नए फ्लैटों को 40 से 50 लाख रुपये की बढ़ी हुई कीमत पर बेचा, जबकि इन फ्लैटों की मूल कीमत 26.5 लाख रुपये थी। आवंटन रद्द होने के बाद भी मूल आवंटियों को उनकी जमा राशि वापस नहीं की गई। ED के अनुसार, यादव ने इन घोटालों से जमा किए गए रुपयों से महाराष्ट्र, पुणे-अलीबाग रोड, हिमाचल प्रदेश के तीर्थन घाटी (साईं रूपा रिजॉर्ट्स), बोस्टन (अमेरिका) और ब्रिटेन जैसी जगहों पर संपत्तियां खरीदीं।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत
तड़के सुनवाई की वजह:
ED ने अदालत को बताया कि आरोपी स्वराज सिंह यादव की तलाश गुरुवार सुबह 6.55 बजे शुरू हुई थी। सुप्रीम कोर्ट और विभिन्न उच्च न्यायालयों के दिशानिर्देशों के अनुसार, किसी भी गिरफ्तार व्यक्ति को तलाशी के 24 घंटे के भीतर अदालत में पेश करना अनिवार्य है। इसी समय-सीमा का पालन करने के लिए, जब शुक्रवार तड़के 3.05 बजे कोर्ट की कार्यवाही शुरू हुई, तब आरोपी के वकील भी रास्ते में थे। दोनों पक्षों की सुनवाई पूरी होने तक सुबह के 6.30 बज गए।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत
सेशन जज शेफाली बरनाला टंडन ने आरोपी स्वराज सिंह यादव को 28 नवंबर तक ED की हिरासत में भेज दिया और स्पष्ट रूप से निर्देश दिया कि आरोपी को शुक्रवार दोपहर को फिर से कोर्ट में पेश किया जाए।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत
स्वराज सिंह यादव पर आरोप:
ED ने बिल्डर स्वराज सिंह यादव पर 2006 से एक देशव्यापी मनी लॉन्ड्रिंग घोटाला चलाने और गुरुग्राम, मुंबई, जयपुर और कोटपुतली में हजारों खरीदारों को ठगने का आरोप लगाया है। यह आरोप है कि स्वराज सिंह यादव ने लगभग 222 करोड़ रुपये का घोटाला किया है।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत
इस मामले ने न केवल PMAY जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं में संभावित भ्रष्टाचार को उजागर किया है, बल्कि न्यायिक प्रणाली की उस प्रतिबद्धता को भी दर्शाया है कि न्याय सुनिश्चित करने के लिए न्यायाधीश किसी भी समय और स्थान पर कर्तव्य निभा सकते हैं।दिल्ली में आधी रात को बैठी अदालत



















