सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये

घर बैठे बनाई करोड़ों की कमाई
नई दिल्ली: अक्सर लोग पढ़ाई पूरी करने के बाद जॉब या बिजनस के लिए अपने घर से दूर चले जाते हैं, लेकिन कुछ लोग अपने घर में ही अवसरों को पहचान कर सफल करियर बना लेते हैं। जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले के रहने वाले अरुण शर्मा ने भी ऐसा ही किया। एमबीए करने के बाद उन्होंने मशरूम की खेती में कदम रखा और अब सालाना 90 लाख रुपये कमा रहे हैं। सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये
मशरूम खेती की शुरुआत: एक कमरे से करोड़ों तक का सफर
अरुण ने मशरूम की खेती की शुरुआत अपने घर के एक छोटे से कमरे से की थी। उन्होंने 100 मशरूम बैग के साथ छोटे स्तर पर काम शुरू किया और धीरे-धीरे अपने बिजनस को बढ़ाया। आज उनका सालाना उत्पादन 35 टन तक पहुंच गया है। साथ ही, वह मशरूम खाद भी बेचते हैं, जिससे उनकी कुल वार्षिक आय 90 लाख रुपये हो गई है। सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये
पहली कमाई से मिली प्रेरणा
अरुण बताते हैं कि उन्होंने 16 हजार रुपये की पहली कमाई से मशरूम खेती की ओर पूरी तरह से रुझान किया। मशरूम बैग खरीदकर और दो महीने बाद बेचकर जब उन्हें मुनाफा हुआ, तो उन्होंने खेती का स्केल बढ़ाने का फैसला किया। सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये
बिजनेस में बड़ी छलांग: 2014 से नई शुरुआत
2014 में अरुण को मशरूम की बढ़ती मांग का एहसास हुआ। उन्होंने एनजीओ की नौकरी छोड़कर अपने घर के पास मशरूम की बड़ी यूनिट स्थापित की। 2015 में 7 लाख रुपये का बैंक लोन और 3 लाख रुपये की बचत से एक यूनिट तैयार की, जहां साल भर मशरूम उगाया जा सकता था। सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये
मशरूम खाद से बढ़ी कमाई
2019 में अरुण ने महसूस किया कि मशरूम खाद की भी बड़ी डिमांड है। उन्होंने 5,000 वर्ग फुट में खाद उत्पादन का सेटअप तैयार किया, जिससे अब प्रति वर्ष 50,000 बैग तैयार होते हैं। इससे उन्हें 45 लाख रुपये की अतिरिक्त सालाना आय होती है। सफलता की कहानी: MBA के बाद शुरू की मशरूम की खेती, अब सालाना कमाई 90 लाख रुपये









