
UGC New Rules Protest: यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (UGC) के नए नियमों को लेकर देश की उच्च शिक्षा व्यवस्था में हलचल मच गई है। जहाँ एक तरफ सरकार इसे समानता की ओर एक बड़ा कदम बता रही है, वहीं दूसरी तरफ जनरल कैटेगरी (General Category) के छात्र और सवर्ण समुदाय के लोग सड़कों पर उतर आए हैं। दिल्ली में UGC मुख्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन हुआ है और अब यह कानूनी लड़ाई Supreme Court की दहलीज तक पहुंच गई है।
UGC New Rules:आखिर इन नए नियमों में ऐसा क्या है जिसे लेकर इतना ‘Ghusaa’ और ‘Protest’ देखने को मिल रहा है? आइए आसान भाषा में समझते हैं वो 3 बड़े बदलाव।
1. Caste Discrimination की नई और सख्त परिभाषा (Rule 1)
UGC New Rules:UGC ने अपने नए नियमों में जातिगत भेदभाव (Caste-based Discrimination) को बहुत विस्तार से समझाया है। अब केवल जाति ही नहीं, बल्कि:
धर्म (Religion)
नस्ल (Race)
लिंग (Gender)
जन्म स्थान या विकलांगता (Disability)
के आधार पर किया गया कोई भी पक्षपातपूर्ण व्यवहार अपराध माना जाएगा। अगर किसी छात्र को इन आधारों पर पढ़ाई के समान अवसर नहीं मिलते या उसकी गरिमा को ठेस पहुंचती है, तो उसे भेदभाव की श्रेणी में रखा जाएगा।
2. OBC छात्रों को भी मिला सुरक्षा कवच (Rule 2)
UGC New Rules:इससे पहले के नियमों या ड्राफ्ट में मुख्य रूप से SC/ST छात्रों के संरक्षण की बात होती थी। लेकिन नए बदलावों के तहत अब OBC (Other Backward Classes) छात्रों को भी इस परिभाषा में शामिल कर लिया गया है।
इसका मतलब है कि अब OBC छात्रों के खिलाफ किया गया कोई भी भेदभावपूर्ण व्यवहार सीधे तौर पर ‘Caste-based Discrimination’ के दायरे में आएगा और सख्त कार्रवाई होगी।
3. ‘False Complaints’ पर सजा का प्रावधान खत्म (Rule 3) – सबसे बड़ा विवाद
UGC New Rules:यही वह पॉइंट है जिस पर सबसे ज्यादा विरोध (Protest) हो रहा है।
पहले क्या था? UGC के शुरुआती ड्राफ्ट नियमों में यह प्रावधान था कि अगर कोई छात्र जानबूझकर ‘False’ या ‘Malicious’ (झूठी या दुर्भावनापूर्ण) शिकायत करता है, तो उस पर आर्थिक जुर्माना लगाया जाएगा या उसे कॉलेज से सस्पेंड (Suspension) किया जा सकता है।
अब क्या है? फाइनल नियमों में से ‘झूठी शिकायत पर सजा’ वाले इस प्रावधान को हटा दिया गया है।
विरोध क्यों हो रहा है? जनरल कैटेगरी के छात्रों और प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि सजा का डर खत्म होने से इन नियमों का दुरुपयोग (Misuse) बढ़ सकता है। निर्दोष लोगों को फंसाने के लिए झूठी शिकायतें दर्ज कराई जा सकती हैं, जिससे कैंपस का माहौल खराब होगा।
सुप्रीम कोर्ट में याचिका और दिल्ली में प्रदर्शन
UGC New Rules:इस मामले की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है, जिसमें इन नियमों की समीक्षा की मांग की गई है। दिल्ली में छात्रों ने UGC मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन करते हुए कहा कि नियमों में संतुलन होना जरूरी है। यूपी समेत देश के कई हिस्सों से भी विरोध की खबरें सामने आ रही हैं।
क्या होगा असर?
UGC New Rules:UGC का मानना है कि इन सख्त नियमों से यूनिवर्सिटी कैंपस में दलित और पिछड़े वर्ग के छात्रों के साथ होने वाले अन्याय पर लगाम लगेगी। हालांकि, अब सबकी नजरें Supreme Court के फैसले पर टिकी हैं कि क्या इन नियमों में कोई बदलाव होगा या ये इसी तरह लागू रहेंगे।



















