खुरई-राहतगढ़ रोड पर चक्काजाम: अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग
Sagar Protest News: गांव में बढ़ते अपराध और विवादों से परेशान थे लोग, शराब ठेकेदार पर लगाए गंभीर आरोप, प्रशासन के आश्वासन पर खुला जाम।

बीना: खुरई-राहतगढ़ रोड पर चक्काजाम: अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग, मध्य प्रदेश के सागर जिले के खुरई में शुक्रवार को अवैध शराब की बिक्री से परेशान ग्रामीणों का सब्र टूट गया। देहात थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम कौरासा (Kaurasa) के निवासियों ने खुरई-राहतगढ़ मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में धड़ल्ले से बिक रही अवैध शराब के कारण आए दिन विवाद हो रहे हैं और माहौल खराब हो रहा है।
माहौल खराब होने से नाराज थे ग्रामीण
प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने बताया कि गांव में लंबे समय से अवैध शराब का कारोबार चल रहा है। इसकी वजह से गांव की शांति भंग हो गई है। शराब के नशे में लोग आए दिन गाली-गलौज और मारपीट करते हैं। इससे न केवल आम रास्ते से निकलना मुश्किल हो गया है, बल्कि महिलाओं और बच्चों में भी असुरक्षा की भावना पैदा हो गई है। ग्रामीणों का कहना था कि कई बार शिकायत करने के बाद भी जब कोई कार्रवाई नहीं हुई, तो उन्हें मजबूरन सड़क पर उतरना पड़ा। अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग
शराब ठेकेदार पर गंभीर आरोप
चक्काजाम के दौरान ग्रामीणों ने शराब ठेकेदार पर सीधे आरोप लगाए। उनका कहना था कि ठेकेदार द्वारा ही गांव-गांव में अवैध रूप से शराब भिजवाई जा रही है। आसानी से शराब उपलब्ध होने के कारण गांव के युवा भी नशे की लत का शिकार हो रहे हैं। ग्रामीणों ने मांग की कि गांव में अवैध पैकारी (शराब बिक्री) को तत्काल प्रभाव से बंद कराया जाए। अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग
घंटों लगा रहा जाम, दोनों तरफ फंसी गाड़ियां
मुख्य मार्ग पर चक्काजाम होने से खुरई-राहतगढ़ रोड पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया। देखते ही देखते सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। जाम की सूचना मिलते ही देहात थाना और राहतगढ़ थाना प्रभारी अपने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तहसीलदार डॉ. राकेश कुमार भी घटनास्थल पर पहुंचे। अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग
कार्रवाई के आश्वासन पर खत्म हुआ प्रदर्शन
प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर गुस्साए ग्रामीणों से बातचीत की। तहसीलदार और पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि अवैध शराब बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और गांव में पुलिस की निगरानी बढ़ाई जाएगी। प्रशासन के इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया और यातायात सुचारू रूप से शुरू हो सका। अवैध शराब से त्रस्त ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, सड़क पर उतरे लोग









