बलौदाबाजार में नौकरी के नाम पर ठगी: निष्कासित भाजपा नेता के बेटे पर नई FIR

बलौदाबाजार में शराब दुकान में सेल्समैन की नौकरी दिलाने के नाम पर 50 हजार रुपये लेने के आरोप में निष्कासित भाजपा नेता के बेटे प्रणव अवस्थी के खिलाफ नई एफआईआर दर्ज हुई है.
बलौदाबाजार में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के एक और मामले में भाजपा से निष्कासित नेता कृष्णा अवस्थी के बेटे प्रणव अवस्थी के खिलाफ नई एफआईआर दर्ज की गई है. आरोप है कि शराब दुकान में सेल्समैन की नौकरी लगवाने का भरोसा देकर एक किसान से 50 हजार रुपये नकद लिए गए, लेकिन न तो नौकरी लगी और न ही रकम लौटाई गई.

मामला सिटी कोतवाली बलौदाबाजार क्षेत्र का है. शिकायतकर्ता के मुताबिक कुल 1.50 लाख रुपये की मांग की गई थी, जिसमें से 50 हजार रुपये पहले ही चुका दिए गए थे. शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
पुलिस अब पैसों के लेन-देन, मोबाइल बातचीत और कथित तौर पर भेजे गए बैंक दस्तावेजों की जांच कर रही है, ताकि आरोपों की पुष्टि की जा सके.

किसान को कैसे मिला नौकरी का झांसा?
शिकायतकर्ता कल्लूराम ध्रुव महासमुंद जिले के खेमड़ा गांव के रहने वाले हैं और खेती-किसानी करते हैं. पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, वे सेल्समैन की नौकरी की तलाश में थे.
- इसी दौरान उनकी पहचान अभनी यादव नाम के व्यक्ति से हुई
- अप्रैल 2026 में नौकरी को लेकर बातचीत में अभनी यादव ने प्रणव अवस्थी का मोबाइल नंबर दिया
- कल्लूराम ने इसके बाद प्रणव अवस्थी से सीधे संपर्क किया
1.50 लाख रुपये की मांग, पहले किश्त में 50 हजार का लेन-देन
शिकायत के मुताबिक, फोन पर हुई बातचीत में प्रणव अवस्थी ने शराब दुकान में सेल्समैन की नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया. इसके एवज में कथित तौर पर 1.50 लाख रुपये मांगे गए.

आरोप है कि अप्रैल में शिकायतकर्ता को बलौदाबाजार बस स्टैंड बुलाया गया, जहां मुलाकात के दौरान 50 हजार रुपये नकद ले लिए गए. शेष 1 लाख रुपये नौकरी लगने के बाद देने की शर्त तय हुई थी.
नौकरी नहीं लगी, फिर सामने आए कथित फर्जी दस्तावेज
शिकायतकर्ता का कहना है कि रकम देने के बाद भी तय समय पर नौकरी नहीं लग पाई. संपर्क करने पर उन्हें लगातार टालमटोल का सामना करना पड़ा.
शिकायत के मुताबिक बाद में पैसे लौटाने के नाम पर व्हाट्सऐप के जरिए कुछ दस्तावेज भेजे गए:
- 25 अप्रैल 2026 को इंडियन बैंक की 60 हजार रुपये की कथित डीडी
- 1 अगस्त 2026 को 50 हजार रुपये खाते में भेजे जाने से जुड़ा कथित दस्तावेज
बैंक सत्यापन में दस्तावेज निकले फर्जी
कल्लूराम के आरोप के अनुसार, जब उन्होंने बैंक में इन दस्तावेजों की जांच कराई तो डीडी और रसीद फर्जी पाई गई. इसके बाद उन्होंने अपने 50 हजार रुपये वापस मांगे, लेकिन आरोप है कि रकम नहीं लौटाई गई.
मामले की जानकारी उन्होंने अभनी यादव और अपने मामा डोमन ध्रुव को भी दी, इसके बाद सिटी कोतवाली बलौदाबाजार में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई.
पुलिस जांच में क्या-क्या हो रहा है शामिल?
शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्रणव अवस्थी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. जांच के दायरे में शामिल बिंदु:
- पैसों के लेन-देन का रिकॉर्ड
- मोबाइल पर हुई बातचीत
- व्हाट्सऐप पर भेजे गए कथित दस्तावेज
- बैंक से जुड़े रिकॉर्ड का सत्यापन
पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है.
पहले भी सुर्खियों में रहा है नाम
प्रणव अवस्थी का नाम इससे पहले भी कथित फर्जीवाड़े से जुड़े एक अन्य मामले में सामने आ चुका है. अब नौकरी दिलाने के नाम पर रकम लेने की नई शिकायत के बाद मामला फिर चर्चा में है. फिलहाल आरोप पूरी तरह से अपुष्ट हैं और पुलिस जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी.









