
छत्तीसगढ़ के लिए यह बहुत गर्व का पल है। 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार 2026 में राज्य की डॉक्यूमेंट्री फिल्म ‘राम-नामी’ को देश की सर्वश्रेष्ठ डॉक्यूमेंट्री का खिताब मिला है। यह फिल्म रामनामी समुदाय की अनोखी परंपरा और आस्था पर बनी है, और अब इसने पूरे देश में छत्तीसगढ़ का नाम रोशन कर दिया है।
रामनामी समाज की क्या है खासियत?
- रामनामी समाज अपनी अलग पहचान के लिए मशहूर है
- इस समाज के लोग अपने पूरे शरीर पर ‘राम’ नाम गुदवाते हैं
- भगवान राम के प्रति भक्ति ही इनके जीवन का मुख्य आधार है
- डॉक्यूमेंट्री में इनकी रोजमर्रा की जिंदगी, धार्मिक विश्वास और पुरानी परंपराओं को बहुत करीब से दिखाया गया है
फिल्म ने दुनिया को दिखाई छत्तीसगढ़ की असली पहचान
- फिल्म की निर्देशक भरतबाला गणपति और उनकी टीम ने रामनामी समाज के कई अनजाने पहलू सामने लाए
- यह फिल्म सिर्फ एक समुदाय की कहानी नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की संस्कृति और आत्मा को भी दिखाती है
- अब तक यह परंपरा सीमित लोगों तक ही जानी जाती थी, अब यह पूरे देश के सामने आई है
मुख्यमंत्री ने जताई खुशी
- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस उपलब्धि पर बधाई दी
- उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व की बात है
- उनके मुताबिक, यह जीत राज्य की लोक संस्कृति और आध्यात्मिक विरासत को राष्ट्रीय पहचान दिलाती है
- उन्होंने उम्मीद जताई कि इससे प्रदेश के कलाकारों और फिल्मकारों को नई हिम्मत मिलेगी
अब दुनिया तक पहुंचेगी रामनामी की कहानी
- विशेषज्ञों का कहना है कि अब रामनामी समाज की परंपरा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचानी जाएगी
- इससे छत्तीसगढ़ की संस्कृति को नई पहचान मिलेगी
- साथ ही, राज्य में लोक-संस्कृति पर आधारित फिल्मों को भी बढ़ावा मिलेगा
- ‘राम-नामी’ की सफलता यह साबित करती है कि अपनी मिट्टी से जुड़ी सच्ची कहानियां देश-दुनिया के दिलों तक पहुंच सकती हैं
WhatsApp Group Join Now
Facebook Page Follow Now
YouTube Channel Subscribe Now
Telegram Group Follow Now
Instagram Follow Now
Dailyhunt Join Now
Google News Follow Us!
ये खबर भी पढ़ें…

रियाद के किंग खालिद एयरपोर्ट पर हमला: 12 की मौत, 300 से ज्यादा घायल
October 11, 2026
सऊदी अरब के रियाद एयरपोर्ट पर शनिवार को हुए हमले में 12 लोगों की मौत हुई और 309 घायल हुए।...
Read More:









