अंबिकापुर के स्कूल में विवाद: टीचर ने छात्र से 200 बार लिखवाई गाली, अभिभावकों के साइन भी मंगवाए

अंबिकापुर के एक स्कूल से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक टीचर ने 8वीं क्लास के छात्र को सजा के तौर पर 200 बार गाली लिखने को कहा। मामला अब जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) तक पहुंच गया है।
पूरा मामला क्या है?


- यह घटना अंबिकापुर के पास सरगवां गांव स्थित बिरला ओपन माइंड इंटरनेशनल स्कूल की है
- 28 जुलाई को क्लास में 2 छात्रों के बीच झगड़ा हो गया था
- झगड़े में दोनों छात्रों ने आपस में मारपीट और गाली-गलौज की
- इसके बाद टीचर प्रेरणा ने एक छात्र को सजा दी
टीचर ने क्या सजा दी?
- छात्र को हिंदी में 100 बार और इंग्लिश में 100 बार, यानी कुल 200 बार गाली लिखने को कहा गया
- इसके बाद टीचर ने कहा कि यह कॉपी घर ले जाकर पेरेंट्स को दिखाओ
- साथ ही पेरेंट्स के सिग्नेचर करवाकर वापस लाने को भी कहा गया
जब पेरेंट्स ने कॉपी देखी
छात्र ने जैसे ही यह कॉपी अपने माता-पिता को दिखाई, वे हैरान रह गए। छात्र के पिता ने कहा कि:
- अगर बच्चों से गलती हुई भी थी, तो टीचर का काम है उन्हें समझाना, सही रास्ता दिखाना
- गाली लिखवाना कोई सही तरीका नहीं है
- बच्चे ने लिखते समय शायद वो गाली मन में भी दोहराई होगी
- सवाल उठाया कि क्या स्कूल पढ़ाने के लिए है या गलत भाषा सिखाने के लिए
पिता की शिकायत के बाद यह मामला डीईओ तक पहुंचा। छात्र संगठनों ने भी टीचर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

डीईओ ने क्या कहा?
सरगुजा के डीईओ दिनेश झा ने बताया कि:
- मामला उनके संज्ञान में आ चुका है
- जांच का जिम्मा सहायक संचालक को सौंपा गया है
- जांच रिपोर्ट के आधार पर टीचर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी
- उन्होंने साफ कहा कि बच्चों को इस तरह की सजा देना पूरी तरह गलत है
निष्कर्ष
यह मामला दिखाता है कि स्कूलों में बच्चों को सजा देने के तरीके पर गंभीरता से ध्यान देने की जरूरत है। अभी जांच जारी है, आगे की कार्रवाई रिपोर्ट आने के बाद तय होगी।









